डोले बसन्ती बयार मगन मन होला हमार।
गेहुँआ मण्टरिया से लहरल सिवनवा, होखे निहाल भइया सगर किसनवा
धरती के बाढ़ल श्रृंगार मगन मन होला हमार।।
बिहँसेला फुलवा महकेला क्यारी, ताक झाँक भँवरा लगावे फुलवारी
मौसम में आइल बहार मगन मन होला हमार।।
आईल कोयलिया अमवाँ के डरिया, पीयर चुनरिया पहिरे सवरियाँ
सोहेला पनघट किनार मगन मन होला हमार।।
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
Popular Posts
-
एक कर्मचारी ने देखा कि उसका बॉस कार के अंदर एक लड़की का गेम बजा रहा है। कर्मचारी —” वाह सर…अकेले अकेले…..हमारा नंबर कब आएगा ?? “ बॉस —” इस ...
-
एक बिहारी महिला चेक भुनाने गई। क्लर्क: हस्ताक्षर कर दो। महिला: कैसे? क्लर्क: जैसे आप पत्र के अंत में लिखते हैं। महिला ने लिखा: " आपके च...
-
तीन गांडू एक दूसरे की गान्ड मार रहे थे,अचानक पुलिस का छापा पड़ गया , एक को पुलिस पकड़ कर ले गयी, दूसरा भाग गया और तीसरा यह चुटकुला पढ़ रहा ह...
-
एक ब्यूटी पार्लर के बाहर एक लाइन लिखी थी , -" यहाँ से निकलने वाली लड़कियों को सीटी ना बजाए , वो आपकी दादी हो सकती हैं. " ***...
-
प्लेटफार्म पर एक औरत को इतनी ज़ोर से हिचकी आयी के उसकी सलवार उतर गयी.. वो मुस्कुराके बोली.. "आज तो याद करने वाले ने हद ही कर दी...
-
पप्पू interview देने गया Boss : बताओ वो कौन सी चीज़ है जिसके दो टायर होते हैं ...?? . पप्पू : Bike ! . Boss: नहीं HONDA Bike ;) ...
No comments:
Post a Comment